Thursday, December 5, 2013

रोकना चाहा तो उनकी पुलिस से भिडंत हो गई

मुंडाली थाना क्षेत्र के गांव कबूलपुर के एक युवक के हत्या के आरोपी को थाने से छोड़े जाने से गुस्साए गांव वाले युवक का शव लेकर मंगलवार की रात एसएसपी से मिलने चल दिए। रास्ते में गढ़ रोड पर पुलिस ने उन्हे रोकना चाहा तो उनकी पुलिस से भिडंत हो गई। पुलिस ने लाठियां फटकारी तो गांववालों ने पुलिस पर जमकर पथराव किया। पुलिस की कई गाड़ियां टूट गई। इस घटना में एसओ मेडिकल चोटिल हो गए। सूचना पर भारी मात्रा में फोर्स मौके पर पहंुच गई। उसके बाद पुलिस ने गांववालों को दौड़ा- दौड़ा कर पीटा, जिसमें चार महिलाओं समेत एक दर्जन गांववाले घायल हो गए। 
मुंडाली थाना क्षेत्र के गांव कबूलपुर का रहने वाला 25 वर्षीय अवधेश पुत्र हरिशचंद्र राजमिस्त्री का काम करता था। उसकी कुछ दिनों पहले अपने गांव के ही हरिओम से कहासुनी हो गई थी। 26 नवंबर को हरिओम उसे अपने साथ काम के बहाने गाजियाबाद के भोपुरा गांव ले गया था। दो दिन बाद हरिओम लौट आया, लेकिन अवधेश नहीं लौटा। शक होने पर अवधेश के परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने हरिओेम को तीन दिन तक अपनी कस्टडी में रखने के बाद छोड़ दिया। सोमवार को मोदीनगर के कादराबाद बंबे के पास अवधेश का शव पड़ा मिला। सूचना पर अवधेश के परिजन गाजियाबाद पहंचे और पोस्टमार्टम के बाद उसका शव गांव लेकर आ गए। उसका शव मंगलवार को गांव पहंुचते ही पूरे गांव में उत्तेजना फैल गई। गावंवालों का आरोप था कि हत्या हरिओम ने की है, लेकिन पुलिस ने उसे थाने से छोड़ दिया। आक्रोशित गांववाले मंगलवार की रात करीब 10 बजे अवधेश के शव को लेकर एसएसपी से मिलने चल दिए। रास्तें में गढ़ रोड तक्षशिला कॉलोनी के सामने पुलिस ने गांववालों को रोकने का प्रयास किया। इस पर पुलिस व गांववाले आमने सामने आ गए। पुलिस ने डंडा फटकार तो गांववालों ने पथराव शुरू कर दिया। पथराव से पुलिस की कई गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गई। एसओ मेडिकल बच्चन सिह चोटिल हो गए। सूचना मिलते ही भारी मात्रा में फोर्स मौके पर पहुंच गई और उसने गांववालों पर लाठी चार्ज कर दिया। पुलिस ने गांववालें को दौड़ा दौड़ा कर पीटा। इस घटना में चार महिलाओं समेत करीब एक दर्जन ग्रामीण घायल हो गए। इसके बाद गांववाले शव को लेकर अपने गांव लौट आए। 

No comments:

Post a Comment