दिल्ली में स्मार्ट सिटी योजना को लेकर गुरुवार को आयोजित एक दिवसीय
कार्यशाला के दौरान महापौर हरिकांत अहलूवालिया ने केंद्रीय शहरी विकास मंत्री से
मिलकर स्मार्ट सिटी के चयन में न्यायपूर्ण फैसला लेने की मांग की। उन्होंने कहा कि
मेरठ के साथ राजनीतिक साजिश रची जा रही है। उसे सफल न होने दिया जाए। केंद्रीय
मंत्री ने उन्हें सही फैसला लिए जाने का आश्वासन दिया।
केंद्र सरकार की स्मार्ट सिटी योजना में चुने गए शहरों की आवश्यकताओं तथा
उसके लिए धनराशि उपलब्ध कराने पर चर्चा के लिए निदेशक स्मार्ट सिटी ने गुरूवार को
नई दिल्ली के जय सिंह रोड स्थित एनडीएमसी कन्वेंशन हॉल में एक दिवसीय क्षेत्रीय
कार्यशाला आयोजित की थी। इसमें सभी चयनित शहरों के स्थानीय निकाय अध्यक्षों व
निकाय के अफसरों को बुलाया गया। इसमें मेरठ से महापौर और नगर आयुक्त भी शामिल हुए।
महापौर हरिकांत अहलूवालिया ने शहरी विकास मंत्री वेंकैयानायडू से कार्यशाला में
पहुंचते ही मुलाकात की। उन्होंने बताया कि मेरठ और रायबरेली को बराबर अंक मिले हैं, लेकिन
रायबरेली की तुलना में मेरठ अच्छा शहर है। यहां स्मार्ट सिटी योजना के सफल संचालन
की तमाम संभावनाएं हैं।
वेंकैया को बताई मेरठ की विशेषताएं
यह मंडल मुख्यालय है तथा नगर निगम है। एनसीआर में शामिल है। देश की आजादी
के लिए 1857 में क्रांति की चिंगारी यहीं से फूटी थी। मेरठ
जेएनएनयूआरएम से आच्छादित है। यहां की आबादी भी रायबरेली से पांच गुनी लगभग 20
लाख है। मेरठ में मेट्रो ट्रेन व रैपिड रेल की जल्द उपलब्धता की
तैयारी है। खेल, कैंची समेत तमाम उद्योगों में मेरठ
विश्वविख्यात है।
प्रदेश में फेल न हो जाए स्मार्ट सिटी
दिल्ली कार्यशाला के दौरान बताया गया कि पहले पूरे महानगर का प्लान बनाया
जाए, उसकी आवश्यकताओं का आकलन किया जाए। स्थानीय लोगों की राय
लें, शहर के बुद्धिजीवी लोगों से बात करें। प्लानिंग कर उसके
बारे में जनता से सुझाव लिया जाए। इसके बाद उनका प्रोजेक्ट बनाकर धनराशि की मांग
की जाए। इस दौरान बताया गया कि योजना के तहत प्रत्येक शहर को केंद्र सरकार हर साल 100
करोड़ रुपये देगी। प्रदेश सरकार को भी प्रत्येक वर्ष 100 रुपये प्रत्येक शहर को देने होंगे। नगर निकाय को भी अपनी आय बढ़ानी होगी।
कार्यशाला के बाद उत्तर प्रदेश के नगर निगमों के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के
बीच यह शंका साफ दिखाई दी कि केंद्र सरकार तो अपने हिस्से के 100 करोड़ प्रत्येक वर्ष प्रत्येक शहर को दे देगी, लेकिन
प्रदेश सरकार 13 शहरों के लिए हर साल 1300 करोड़ कहां से लाएगी।
स्मार्ट सिटी प्रकरण को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष से मिले व्यापार
मेरठ को स्मार्ट सिटी में शामिल
कराने के लिए गुरुवार को व्यापारियों ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष से मुलाकात की।
संयुक्त व्यापार संघ के अध्यक्ष नवीन गुप्ता के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल न्यू
मोहनपुरी स्थित भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डा. लक्ष्मीकांत वाजपेयी के आवास पर उनसे
मिले। अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने कहा कि मेरठ को 13वें स्थान पर रायबरेली से भी नीचे 13-ब
के रूप में रखा गया है। इससे लोगों की भावनाएं आहत हो रही हैं और ऊंचे रसूख रखने
के बावजूद मेरठ की उपेक्षा हो रही है। उन्होंने कहा कि जनता ने भाजपा के सांसद,
महापौर के साथ ही चार विधायक विजयी बनाए हैं। ऐसे में मेरठ के साथ
होते भेद-भाव व धोखे को खत्म करके मेरठ को विकास की ओर ले जाने के लिए उसे स्मार्ट
सिटी शामिल कराएं। इस दौरान महामंत्री संजय जैन, सतीश चंद
जैन, विपुल सिंघल, संजीव रस्तोगी,
गौरव शर्मा,